Essay on Rabbit in Hindi Language – खरगोश के बारे में रोचक तथ्य

Essay on Rabbit in Hindi Language

खरगोश छोटा सा स्तनपाई जीव है, यह छोटा सा जानवर संसार के हर जगह में पाया जाता है। कहीं ज्यादा तो कहीं कम संख्या में। देखा जाए तो खरगोश ज्यादातर जंगलों, खेतों, एवं घास के मैदानों में रहना पसंद करते हैं। और यह जिब ज्यादातर जमीन में खड्डा बनाकर रहते हैं। इसी कारण इसे धरती पर रहने वाला जीब भी कहां जाता है।

इसकी बहुत सी प्रजातियां पाई जाती है। यह सफेद काले और भूरे रंग में पाया जाता है। इसकी आंखें गोल और बड़ी होती है। इसके दो बड़े दांत बाहर निकले हुए होते हैं। और इसके कान भी बहुत बड़े होते हैं।

Essay on Rabbit in Hindi Language

खरगोश स्वाभाव से बहुत चंचल प्रजाति के जीव होता है। और इस का स्वाभाव हर समय चंचल रहता है ! इश्क शरीर के बाल बहुत ही मुलायम होती है एवं इसके एक छोटी सी पूछ भी होती है। रिसर्च के द्वारा देखा गया है कि खरगोश की औसतन आयु 10 वर्ष के होते हैं। लेकिन शिकारियों के वजह से ये ज्यादा से ज्यादा 1 साल तक जी पाता है।

मादा खरगोश एक समय में 9 से लेकर 12 बच्चों को जन्म दे देती है, एवं 15 दिन तक अपने बच्चों को दूध पिलाने के बाद मादा खरगोश पून: नर खरगोश से प्रजनन के लिए तैयार हो जाती है। मादा खरगोश के द्वारा यह कर्म 5 वर्ष तक चलता रहता है।

खरगोश के काण लगभग 10 सेंटीमीटर तक लंबे होते हैं। एवं इसका वजन 2 किलोग्राम तक होता है ! खरगोश के चार पैर होते हैं। इसके 28 दांत होते हैं जो कि पूरे जीवन बढ़ते ही रहते हैं। खरगोश में अंगोरा नाम की ऊन प्राप्त होती है। खरगोश 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ते हैं। एवं इनकी सुनने की शक्ति बहुत अधिक होती है।

उनका दिल बहुत तेजी से धड़कता है, वैसे तो खरगोश पूरे विश्व में पाए जाने वाले जीव है, लेकिन यह मुख्य रूप में दक्षिण अमेरिका में ज्यादा पाए जाते हैं। खरगोश शाकाहारी जीव होते हैं। यह अनाज और फल खाते हैं और खाने में इन्हें सबसे ज्यादा गाजर पसंद होता है।

Essay on Rabbit in Hindi Language

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Information About Rabbit in Hindi

खरगोश को किसी भी चीज को इधर उधर होना बिल्कुल भी पसंद नहीं होता है। इसीलिए यह अपने दिमाग में हर जगह का नक्शा बना लेते हैं। खरगोश की याददाश्त बहुत ही कमाल की होती है। खरगोश जब पैदा होता है तो इसके शरीर पर बाल नहीं होते हैं लेकिन बाद में उग आते हैं। हर 2 साल बाद इनके बाल झड़ जाते हैं। और उसी स्थान पर दोबारा बाल आ जाते हैं। खरगोश हर पल चौकन्ना और चुस्त रहते हैं। इसीलिए इन्हें हल्की सी आहट का भी पता लग जाता है।

खरगोश एक दूसरे की सहायता भी करती है। इन जीवो को बड़े पैमाने में पालन भी किया जाता है। कुछ लोग उनके मांस को खाते हैं, और कुछ लोग खरगोश को घर में पालतू जानवर बना कर भी रखते हैं। जन्म के 11 दिन तक खरगोश के बच्चे चल नहीं पाते ! लेकिन 14-15 दिन में वह खुद से खाना पीना भी सीख जाते हैं ! खरगोश को बच्चे बहुत ही पसंद करते हैं।

Information About Rabbit in Hindi

1) खरगोश बहुत छोटे एवं प्यारे जानवर है।

2) खरगोश के चार पैर होते हैं।

3) यह एक शाकाहारी जीव है, एवं इस का पसंदीदा भोजन गाजर है।

4) इसके बड़े बड़े कान और बड़ी बड़ी गोल आंखें होती है।

5) इसके एक पूछ होती है जिससे बॉब (BOB) कहा जाता है।

6) विश्व मे सबसे अधिक खरगोश दक्षिण अमेरिका में पाए जाते हैं।

7) नर खरगोश को बाक ( buck) वह मादा खरगोश को Doe कहा जाता है।

8) विश्व के सबसे बड़े खरगोश का नाम डेरियस ( darius ) है जो UK मैं रहता है।

9) खरगोश बहुत ही सामाजिक प्यार और इंटरएक्टिव प्राणी है, और बड़े घरों में रहते हैं , जिन्हें कालोनियों या झुंड को एक घर में बुलाया जाता है जिससे बारन कहा जाता है।

तो दोस्तों खरगोश पर निबंध (Essay on Rabbit in Hindi Language) आपको कैसा लगा। खरगोश के निबंध पर आपका विचार सर्वोपरि है। यह आर्टिकल पसंद आया हो तो इस पोस्ट Essay on Rabbit in Hindi Language को शेयर जरूर करें।

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